हरिद्वार | सिडकुल स्थित लकजर कंपनी के मजदूर मंगलवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सहायक श्रम आयुक्त कार्यालय पर धरने पर बैठ गए। मजदूरों के प्रदर्शन को देखते हुए कंपनी प्रबंधन और श्रमिक प्रतिनिधियों के बीच सहायक श्रम आयुक्त की मौजूदगी में वार्ता कराई गई, जिसमें मजदूरों की सभी मांगों पर सहमति बन गई।

समझौते के बाद सहायक श्रम आयुक्त कार्यालय के बाहर मजदूर नेताओं द्वारा सभा आयोजित की गई। सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता वरुण बालियान ने समझौते पर आपत्ति जताते हुए कहा कि पूर्व में कैंपस और मिल्टन कंपनी के मजदूरों के साथ भी इसी तरह समझौते कराए गए थे, लेकिन बाद में कंपनी प्रबंधन द्वारा ट्रेड यूनियन नेताओं और मजदूरों पर थाना सिडकुल में मुकदमे दर्ज करा दिए गए। उन्होंने इसे मजदूरों के साथ विश्वासघात बताया।

वरुण बालियान ने कहा कि जब तक श्रम विभाग और पुलिस प्रशासन यह स्पष्ट आश्वासन नहीं देता कि आज की हड़ताल में शामिल किसी भी मजदूर के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होगी, तब तक मजदूरों का भरोसा बहाल नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि सिडकुल क्षेत्र में लगातार मजदूरों का शोषण हो रहा है और जब भी मजदूर अपनी आवाज उठाते हैं तो प्रशासन उनकी आवाज दबाने का प्रयास करता है।
मजदूर नेता पंकज कुमार ने कहा कि हरिद्वार में अब बड़े स्तर पर मजदूर आंदोलन की जरूरत है और इसके लिए मजदूरों को एकजुट किया जाएगा। वहीं मजदूर नेता ललित कुमार और महिपाल सिंह रावत ने आरोप लगाया कि प्रशासन मजदूर नेताओं और कंपनी कर्मचारियों पर मुकदमे दर्ज कर आंदोलनों को कुचलना चाहता है, लेकिन मजदूर किसी भी कीमत पर पीछे हटने वाले नहीं हैं।
बाद में उप श्रमायुक्त और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में हड़ताल में शामिल मजदूरों पर कोई मुकदमा या अन्य कार्रवाई न किए जाने के आश्वासन के बाद धरना समाप्त कर दिया गया।
प्रदर्शन में लक्ष्य चौहान, अनिल सैनी, जयप्रकाश, शशांक कुमार, राजकुमार, अंकित चौधरी, वाजिद, राजीव, सौरभ, रीता सहित बड़ी संख्या में मजदूर मौजूद रहे।


