हरिद्वार ब्यूरो रिपोर्ट
हरिद्वार। शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक सड़क पर बने गड्ढे अब प्रशासन के रडार पर हैं। आमजन को सुरक्षित और सुगम आवागमन उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन ने 15 सितंबर से विशेष गड्ढामुक्त सड़क अभियान शुरू करने की तैयारी तेज कर दी है। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अधिकारियों को साफ निर्देश दिए हैं कि अभियान की तारीख का इंतजार किए बिना सड़क मरम्मत का काम तत्काल शुरू किया जाए।
सीसीआर सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने जिले की सड़कों की स्थिति और मरम्मत कार्यों की विभागवार प्रगति की समीक्षा की। लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग, नगर निगम, नगर पालिकाओं समेत संबंधित विभागों के अधिकारियों को सड़कवार सर्वे कर क्षतिग्रस्त हिस्सों की पहचान करने के निर्देश दिए गए।
बारिश से क्षतिग्रस्त सड़कों पर पहले काम
लगातार बारिश के कारण जिन मार्गों को ज्यादा नुकसान पहुंचा है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर ठीक करने को कहा गया है। डीएम ने स्पष्ट किया कि सड़क मरम्मत में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होगा। काम पूरा होने के बाद संबंधित अधिकारी मौके पर पहुंचकर स्थलीय निरीक्षण करेंगे और मरम्मत की गुणवत्ता की जांच करेंगे।
जलभराव वाले इलाकों पर विशेष फोकस
प्रशासन ने उन क्षेत्रों को लेकर भी गंभीरता दिखाई है जहां जलभराव के कारण सड़कें बार-बार खराब होती हैं। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि ऐसे स्थानों पर सड़क की मरम्मत से पहले जल निकासी की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि बारिश के बाद दोबारा सड़क क्षतिग्रस्त होने की समस्या सामने न आए।
रोजाना देनी होगी प्रगति रिपोर्ट
अधिकारियों को सड़क मरम्मत की नियमित निगरानी के साथ दैनिक प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। सड़क से संबंधित शिकायतों पर भी तत्काल संज्ञान लेकर कार्रवाई करने को कहा गया है।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अधिकारियों से कहा कि सड़कें सीधे तौर पर आम जनता की सुरक्षा और सुविधा से जुड़ी हैं। इसलिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ अभियान को प्रभावी बनाएं और निर्धारित समय सीमा में लक्ष्य पूरा करें।
बैठक में डीएफओ स्वप्निल अनिरुद्ध, अपर जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.के. सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट हर गिरी, एचआरडीए सचिव प्रत्यूष सिंह, उप जिलाधिकारी योगेश कुमार, उप मेलाधिकारी मंजीत सिंह, अधीक्षण अभियंता लोक निर्माण विभाग डी.पी. सिंह, नगर आयुक्त ऋषिकेश विजय नाथ शुक्ल, उप मुख्य नगर अधिकारी दीपक गोस्वामी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

